पंचशील बुद्ध विहार सदर में मनाई त्रिगुणी बुद्ध जयंती
धम्म का महत्व और जीवन शैली पर हुई विशेष चर्चा

भीम गीत के साथ मदनी की महक पुस्तक का हुआ विमोचन
बैतूल। दि बुद्धिस्ट सोसायटी ऑफ इंडिया एवं पंचशील बुद्ध विहार प्रबंधन समिति, सदर बैतूल के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार 12 मई को त्रिगुणी बुद्ध जयंती समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत पूज्य भंते दीपांकर द्वारा भगवान बुद्ध की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन और धम्म देशना से हुई। भंते दीपांकर जी ने धम्म के महत्व और जीवन शैली की महत्ता पर विस्तार से चर्चा की, जिससे वहां उपस्थित श्रद्धालुओं को धम्म के वास्तविक अर्थ और जीवन में इसके अनुपालन का मार्गदर्शन मिला।
इस अवसर पर नरेंद्र नाथ पाटिल और उनके समूह द्वारा बुद्ध और भीमराव अंबेडकर के सम्मान में भावपूर्ण गीत प्रस्तुत किए गए, जिसने माहौल को और अधिक पावन और प्रेरणादायक बना दिया। इसी क्रम में, लेखक भीमराव झरबडे द्वारा लिखी गई पुस्तक मदनी की महक का विमोचन भी किया गया।
समारोह में दि बुद्धिस्ट सोसायटी ऑफ इंडिया, बैतूल के जिला अध्यक्ष संदीप पाटिल, प्रदेश उपाध्यक्ष रामशंकर आंवलेकर, जिला महासचिव कमलेश उबनारे, आयु.सी.एस. ऊबनारे, जिला उपाध्यक्ष धर्मदास दवंडे, कोषाध्यक्ष शिवकिशोर पाटिल, मनोज गुजरे, जिला सचिव दिनेश मालवीय और पंचशील बुद्ध विहार समिति के अध्यक्ष आयु. जादोराव सूर्यवंशी, पूर्व अध्यक्ष धनराव चंदेलकर, सचिव श्यामराव नागले, कोषाध्यक्ष विनोद दवंडे, एफ.एल. सरणकर तथा महिला विंग से आयु. ऊषा उबनारे, आयु. सुरभि पाटिल, आयु. नीलम उबनारे, कंचन भूमरकर, सुमन पाटिल और दीपमाला दवंडे उपस्थित रहीं। आयोजन में भगवान बुद्ध की शिक्षाओं और धम्म के वास्तविक स्वरूप को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश दिया गया, जिससे समाज में नैतिकता और करुणा का वातावरण सृजित हो सके।





