बारिश में कीचड़ से बंद हो जाता है गांव का प्रमुख मार्ग।
सड़क निर्माण के लिए सरपंच ने केंद्रीय मंत्री को दिया आवेदन। 3 किमी की दूरी तय करने के लिए ग्रामीणों को लगाना पड़ता 8 किमी का चक्कर।

बैतूल। ग्राम पंचायत बांसपानी के सरपंच सोनू उइके ने बैतूल-भोपाल हाईवे मार्ग पर आरटीओ ऑफिस उड़दन से ग्राम ठानी तक सड़क निर्माण की मांग को लेकर जनजाति कल्याण विभाग के केंद्रीय राज्य मंत्री दुर्गादास उइके को आवेदन सौंपा है। सरपंच ने मंत्री को अवगत कराया कि संबंधित मार्ग पूरी तरह कच्चा है और बारिश के मौसम में अत्यधिक कीचड़ के कारण यह मार्ग लगभग बंद हो जाता है।
उन्होंने बताया कि फोरलेन, मोटर साइकिल और अन्य वाहन कीचड़ के कारण इस रास्ते से गुजर नहीं पाते, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्राम ठानी के लोगों को बरसात के समय बांसपानी और आठवां मिल फोरलेन जोड़ के माध्यम से बैतूल पहुंचना पड़ता है, जिससे उन्हें लगभग 8 किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ता है, जबकि आरटीओ फोरलेन जोड़ की दूरी मात्र 3 किलोमीटर है।
कच्चे मार्ग के कारण ग्रामीणों को रोजमर्रा के कामों के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है, जो अत्यंत कष्टदायक है। सरपंच ने यह भी बताया कि यह क्षेत्र विधानसभा बैतूल में आता है और इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष एवं विधायक हेमंत खंडेलवाल को भी पूर्व में आवेदन दिया जा चुका है।
केंद्रीय राज्य मंत्री दुर्गादास उइके ने आवेदन पर संज्ञान लेते हुए लोक कल्याण विभाग के कार्यपालन यंत्री से दूरभाष पर चर्चा की और मार्ग निर्माण के लिए शीघ्र योजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं।




