Short break workshop organized: जीवन का लेखा-जोखा और रिश्तों पर चर्चा से जागा आत्ममंथन का भाव
आनंद संस्थान की पहल को प्रतिभागियों ने सराहा, कहा- सकारात्मक सोच के लिए लाभप्रद

भैंसदेही में शासकीय कर्मचारियों के लिए अल्प विराम कार्यशाला आयोजित
जीवन में आनंद और सकारात्मकता का संदेश देने जुटे अधिकारी और कर्मचारी
बैतूल। राज्य आनंद संस्थान मध्यप्रदेश द्वारा 10 दिसंबर को भैंसदेही के जनपद पंचायत सभागृह में एक दिवसीय अल्प विराम परिचय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और सर्वधर्म प्रार्थना से हुआ। मुख्य अतिथि मुख्य कार्यपालन अधिकारी जितेंद्र सिंह ठाकुर, आनंद संस्थान की मास्टर ट्रेनर तुलिका पचौरी, आनंद सहयोगी आशीष पचौरी और आशीष कोकने तथा जिला संपर्क व्यक्ति महेश गुंजेले ने कार्यशाला का नेतृत्व किया।
मुख्य अतिथि जितेंद्र सिंह ठाकुर ने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएं कर्मचारियों के लिए बेहद उपयोगी हैं, क्योंकि यह उनके व्यक्तिगत जीवन में सकारात्मकता लाती हैं, उनके कार्यक्षेत्र में भी नई ऊर्जा का संचार करती हैं।
कार्यशाला में जीवन का लेखा-जोखा, रिश्तों की अहमियत और फ्रीडम ग्लास जैसे विषयों पर चर्चा की गई। मास्टर ट्रेनर तुलिका पचौरी ने “बचपन से लेकर अब तक किसने मदद की और किसे दुःख दिया” जैसे सवालों से प्रतिभागियों को आत्मविश्लेषण के लिए प्रेरित किया। आशीष पचौरी ने विभिन्न रिश्तों और उनकी महत्ता पर बात करते हुए आत्मानुभूति का अनुभव कराया। आशीष कोकने ने फ्रीडम ग्लास के माध्यम से लोभ, क्रोध और ईर्ष्या जैसे भावों पर काबू पाने के तरीकों पर चर्चा की।
पंचायत एवं ग्रामीण विकास, महिला बाल विकास, कृषि और राजस्व विभाग के 60 कर्मचारियों ने इसमें भाग लिया। प्रतिभागियों ने फीडबैक में कहा कि इस कार्यशाला ने उन्हें आत्ममंथन का अवसर दिया और दूसरों की मदद करने की प्रेरणा दी। जनपद पंचायत भैंसदेही के अधिकारियों और कर्मचारियों ने इस आयोजन में विशेष सहयोग किया।





