बारहलिंग में धूमधाम से मना मां ताप्ती जन्मोत्सव, 108 मीटर चुनरी हुई समर्पित

बैतूल। अषाढ़ शुक्ल सप्तमी पर सोमवार को जिले के शिवधाम बारहलिंग (ठेस्का) में मां सूर्यपुत्री ताप्ती का जन्मोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। सुबह से ही पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र सहित जिले के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालुओं का आगमन शुरू हो गया। मां ताप्ती जागृति समिति मध्यप्रदेश के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में पंचामृत से मां ताप्ती का अभिषेक, पूजन-अर्चन और धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए।
कार्यक्रम के दौरान अखिल भारतीय जीन माता सेवा संघ, सूरत (गुजरात) की ओर से 108 मीटर लंबी चुनरी अर्पित की गई। सुहागन महिलाओं को साड़ियां एवं सुहाग सामग्री वितरित की गई, वहीं नौ देव कन्याओं का पूजन कर उन्हें वस्त्र भेंट किए गए और प्रसादी भोजन कराया गया।
जन्मोत्सव के दौरान पुलिस एवं जिला होमगार्ड द्वारा आपदा प्रबंधन और सुरक्षा की विशेष व्यवस्थाएं की गईं। व्यवस्थाओं का जायजा लेने पुलिस अधीक्षक वीरेन्द्र जैन, एसडीओपी भैंसदेही, झल्लार थाना प्रभारी, तहसीलदार सहित पुलिस और राजस्व विभाग के अधिकारी पहुंचे। समिति के पदाधिकारियों ने उन्हें शिवधाम बारहलिंग के ऐतिहासिक और पौराणिक महत्व की जानकारी दी।
समिति ने बताया कि ताप्ती विश्व की उन चुनिंदा नदियों में शामिल है, जो अपने उद्गम जिले बैतूल में लगभग 250 किलोमीटर का प्रवाह करती है। लगभग 750 किलोमीटर लंबी ताप्ती नदी मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात से होकर बहती है, जिसमें सबसे अधिक हिस्सा बैतूल जिले के मुलताई, बैतूल और भैंसदेही क्षेत्र में आता है। समिति पिछले लगभग दो दशकों से ताप्ती जन्मोत्सव का आयोजन करती आ रही है।




