ग्राम पंचायत जमन्या में ग्रामसभा को अंधेरे में रख हो रहा निर्माण कार्य।
पुलिया में डस्ट इस्तेमाल का आरोप, ग्रामीण ने जनसुनवाई में की शिकायत।

बैतूल। भीमपुर विकासखंड की ग्राम पंचायत जमन्या में विकास कार्यों को लेकर ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें ग्रामीणों का दावा है कि निर्माण कार्य पहले शुरू हो जाते हैं और ग्रामसभा को बाद में भी पता नहीं चलता। जनसुनवाई में पहुंची शिकायत में पुलिया निर्माण में रेत की जगह डस्ट के इस्तेमाल, स्कूल परिसर में गुणवत्ताहीन निर्माण और वर्षों से अधूरे पड़े बालिका शौचालय का मुद्दा उठाते हुए कलेक्टर से जांच की मांग की गई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि विकास की यही रफ्तार रही तो एक दिन ग्रामसभा को भी अखबार पढ़कर पता चलेगा कि गांव में कौन-कौन से काम हो चुके हैं।
ग्राम पंचायत जमन्या निवासी राजेश यादव ने जनसुनवाई में शिकायत दर्ज कर कलेक्टर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
– ग्रामसभा नहीं, फिर कैसे स्वीकृत हुए निर्माण कार्य?
शिकायतकर्ता का आरोप है कि ग्राम पंचायत जमन्या में नियमित रूप से ग्रामसभाएं आयोजित नहीं की जातीं और न ही ग्रामीणों को विकास कार्यों की जानकारी दी जाती है। इसके बावजूद विभिन्न निर्माण कार्यों को स्वीकृति देकर उनका क्रियान्वयन किया जा रहा है। शिकायत में कहा गया है कि ग्रामसभा से प्रस्ताव पारित कराए बिना ही कार्य स्वीकृत किए जा रहे हैं, जिससे पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
– पुलिया निर्माण में गुणवत्ता से समझौते का आरोप
जनसुनवाई में दिए गए आवेदन में गंगाजी ढाना में निर्माणाधीन पुलिया कार्य को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार पुलिया निर्माण में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है तथा निर्माण सामग्री में रेत के बजाय डस्ट मिश्रित सामग्री का उपयोग किया जा रहा है। आरोप है कि निर्माण एजेंसी द्वारा गुणवत्ता संबंधी मानकों की अनदेखी की जा रही है, जिससे भविष्य में निर्माण कार्य की मजबूती प्रभावित हो सकती है।
– स्कूल परिसर के गार्डन निर्माण पर भी सवाल
शिकायत में स्कूल परिसर में बनाए जा रहे गार्डन के निर्माण कार्य का भी उल्लेख किया गया है। आरोप है कि यहां भी गुणवत्तापूर्ण निर्माण सामग्री का उपयोग नहीं किया जा रहा और कार्यों में आवश्यक तकनीकी मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। ग्रामीणों ने निर्माण कार्यों की तकनीकी जांच कराए जाने की मांग की है।
– वर्षों बाद भी अधूरा है बालिका शौचालय
राजेश यादव ने शिकायत में ग्राम भादुगांव का मामला भी उठाया है। उन्होंने बताया कि यहां कई वर्ष पहले बालिका शौचालय निर्माण की स्वीकृति मिली थी, लेकिन आज तक निर्माण कार्य पूर्ण नहीं हो सका है। इससे योजना का उद्देश्य अधूरा पड़ा हुआ है और छात्राओं को अपेक्षित सुविधा नहीं मिल पा रही है।
– जांच और कार्रवाई की मांग
शिकायतकर्ता ने कलेक्टर से मांग की है कि ग्राम पंचायत जमन्या में संचालित सभी निर्माण कार्यों की तकनीकी एवं प्रशासनिक जांच कराई जाए। साथ ही यदि अनियमितता या गुणवत्ताहीन निर्माण की पुष्टि होती है तो जिम्मेदार अधिकारियों, कर्मचारियों और संबंधित एजेंसी के विरुद्ध कार्रवाई की जाए तथा सभी निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप कराए जाएं। फिलहाल शिकायत जनसुनवाई में दर्ज होने के बाद मामले की जांच की प्रतीक्षा है।




