गणतंत्र दिवस विशेष: दीवारों पर लिखे विचारों से बदली गांव की तस्वीर, सावंगी बना प्रेरणा का केंद्र

बैतूल। जनपद पंचायत प्रभात पट्टन की ग्राम पंचायत सावंगी ने विकास की परिभाषा को एक नया आयाम दिया है। सरपंच श्रीमती सुजाता पंकज राउत के नेतृत्व में गांव की दीवारों पर महापुरुषों के सुविचार लिखने की अभिनव पहल ने सावंगी को जिले में अलग पहचान दिलाई है। इस अभियान से गांव की गलियां प्रेरणा, संस्कार और सकारात्मक सोच का माध्यम बन गई हैं, वहीं कंप्यूटर साक्षरता जैसे आधुनिक प्रयासों ने सावंगी को परंपरा और तकनीक के संतुलन का उदाहरण बना दिया है।
स्वामी विवेकानंद, महात्मा गांधी और डॉ. भीमराव अंबेडकर जैसे महापुरुषों के विचार दीवारों पर उकेरे गए हैं, जो राह चलते लोगों, बच्चों और युवाओं को सकारात्मक सोच की दिशा दे रहे हैं।
– शिक्षा को दी नई परिभाषा
सरपंच सुजाता राउत का मानना है कि शिक्षा केवल स्कूल और किताबों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। दीवारों पर लिखे सुविचार भी समाज को संस्कारित करने का सशक्त माध्यम बन सकते हैं। गांव में यह पहल एक खुली पाठशाला के रूप में देखी जा रही है।
सरपंच की इस सोच की सराहना ग्रामीणों के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारियों और बाहर से आने वाले लोगों द्वारा भी की जा रही है। लोगों का कहना है कि इस प्रयास से गांव में सकारात्मक वातावरण बना है।
– डिजिटल साक्षरता में भी अग्रणी
सुविचारों के साथ-साथ सावंगी जनपद की पहली पंचायत बनी है, जहां कंप्यूटर साक्षरता को बढ़ावा दिया गया है। संस्कार और तकनीक के इस संतुलन ने सावंगी को जिले का गौरव बना दिया है।





