ढाई एकड़ जमीन वाले किसान को नहीं मिला कपिल धारा का लाभ, कार्रवाई की मांग।
खाद-डीएपी संकट और कपिल धारा योजना का मुद्दा लेकर तहसील पहुंचे भारत आदिवासी पार्टी के पदाधिकारी । किसानों की समस्याओं पर तहसीलदार को सौंपा।

बैतूल। किसानों की लंबित समस्याओं और कृषि योजनाओं में हो रही देरी को लेकर भारत आदिवासी पार्टी ने प्रशासन के समक्ष आवाज बुलंद की है। ग्राम चिल्हाटी निवासी किसान मुकेश पिता केवल ने कपिल धारा कूप निर्माण योजना का लाभ नहीं मिलने पर नाराजगी जताते हुए बताया कि वे कलेक्टर, जिला पंचायत सीईओ सहित अन्य अधिकारियों को तीन बार आवेदन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी शिकायत का निराकरण नहीं हुआ है।
मुकेश ने बताया कि वे तहसील प्रभात पट्टन के ग्राम चिल्हाटी के स्थायी कृषक हैं और उनके पास मात्र ढाई एकड़ से भी कम कृषि भूमि है। उन्होंने कपिल धारा योजना के अंतर्गत आवेदन प्रस्तुत किया था। उनके अनुसार उनके साथ आवेदन करने वाले अन्य हितग्राहियों लोकेश पिता मुन्ना पवार तथा छोटेलाल पिता अम्रया पवार के कूप निर्माण स्वीकृत होकर पूर्ण भी हो चुके हैं, जबकि उनका आवेदन आज तक स्वीकृत नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि उनके नाम कहीं अन्य कोई भूमि नहीं है और वे योजना की पात्रता रखते हैं, इसके बावजूद लाभ से वंचित हैं। किसान ने सवाल उठाया कि जिला प्रशासन के निर्देशों के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं हो रही है तथा तत्काल कूप निर्माण योजना का लाभ दिलाने की मांग की है।
– खाद-डीएपी संकट पर भी उठी आवाज
इस दौरान भारत आदिवासी पार्टी ने पट्टन ब्लॉक में किसानों को खाद और डीएपी की उपलब्धता में आ रही समस्याओं का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। पार्टी के जिला अध्यक्ष अनिल उईके और ब्लॉक अध्यक्ष संदीप कुमरे ने तहसीलदार से विशेष चर्चा कर किसानों की परेशानियों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि खाद वितरण और टोकन व्यवस्था के कारण किसानों को कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
तहसीलदार ने पार्टी पदाधिकारियों को आश्वस्त किया कि इस विषय पर कलेक्टर से विशेष चर्चा की जाएगी तथा भोपाल स्तर पर भी रिपोर्ट भेजी जाएगी। साथ ही किसानों को टोकन व्यवस्था में आ रही समस्याओं पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई। इस दौरान भारत आदिवासी पार्टी के अन्य कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे और किसानों की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।




