18 साल के अभिषेक ने टीबी से जीती जंग, 6 महीने चला इलाज
भीमपुर स्वास्थ्य केंद्र की पहल से टीबी मुक्त हुआ युवक

बैतूल। ग्राम गुल्लरढाना, पंचायत कुटंगा, विकासखंड भीमपुर के 18 वर्षीय युवक अभिषेक पिता सुखदेव कुमरे ने छह महीने के नियमित इलाज के बाद टीबी जैसी गंभीर बीमारी को मात दी है। अभिषेक अब पूरी तरह स्वस्थ है और उसने खंड चिकित्सा अधिकारी एवं स्वास्थ्य विभाग का आभार व्यक्त किया है।
खंड चिकित्सा अधिकारी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भीमपुर डॉ. दीपक निगवाल ने जानकारी दी कि अभिषेक को बीते वर्ष लगातार 20 से 22 दिनों तक खांसी की शिकायत थी। उसने घरेलू इलाज किया, लेकिन राहत नहीं मिली। ग्राम भ्रमण के दौरान आशा कार्यकर्ता नेहा उइके को अभिषेक की स्थिति की जानकारी मिली। उन्होंने तुरंत टीबी की आशंका जताते हुए उसे सीएचसी भीमपुर चलकर जांच कराने की सलाह दी। हालांकि अभिषेक शुरू में जांच कराने से हिचकिचाया, लेकिन आशा कार्यकर्ता ने सूझबूझ से खखार का नमूना लेकर 5 नवंबर 2024 को सीएचसी भीमपुर में जमा करवा दिया।
जांच में अभिषेक को टीबी पॉजिटिव पाया गया। इस बात की जानकारी एसटीएस भगवानदास अहिरवार ने आशा कार्यकर्ता को फोन पर दी और दोनों को सीएचसी बुलाकर टीबी के खतरे और बचाव के उपाय समझाए। इसके बाद 8 नवंबर 2024 से अभिषेक का इलाज शुरू किया गया। शुरुआत में 56 दिनों की दवा दी गई और 8 जनवरी 2025 को पहला फॉलोअप किया गया, जिसमें रिपोर्ट दोबारा पॉजिटिव आई। इसके बावजूद इलाज जारी रखा गया और अगले चार महीने तक नियमित रूप से दवा दी गई। इस दौरान निश्चय मित्र बनाकर उसे फूड बास्केट भी उपलब्ध कराया गया। एएनएम और सीएचओ द्वारा हर महीने फॉलोअप किया गया। अभिषेक ने छह महीने तक दवा ली। शासन की ओर से टीबी रोगियों को मिलने वाली 3 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि भी उसे दी गई। अंतिम फॉलोअप 28 अप्रैल 2025 को हुआ, जिसमें अभिषेक की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई। अब वह पूरी तरह टीबी मुक्त है। अभिषेक ने स्वस्थ होने के बाद सीएचसी भीमपुर के खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. दीपक निगवाल और पूरे स्वास्थ्य अमले का धन्यवाद किया है।




