13 lakh scam in Temni Panchayat: टेमनी पंचायत में 13 लाख का घोटाला, ग्रामीणों ने की जांच की मांग
फर्जी प्रस्ताव से अनियमितता का आरोप, जिला पंचायत सीईओ से की शिकायत

फर्जी फर्म बनाकर सचिव ने लाखों रुपये का किया गबन
बैतूल। जिले की ग्राम पंचायत टेमनी में विकास कार्यों के नाम पर बड़े पैमाने पर अनियमितताओं और फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। ग्रामीणों और पंचों ने पंचायत सचिव ढोढया शेषकर और सरपंच भावना खातरकर पर फर्जी प्रस्ताव बनाकर सरकारी राशि का दुरुपयोग करने का गंभीर आरोप लगाया है।
पंच लक्ष्मी धुर्वे, प्रमिला लोखंडे, और कौशल्या भलावी सहित अन्य ने जिला पंचायत सीईओ को शिकायत पत्र सौंपते हुए बताया कि टेमनी पंचायत में हमेशा ताला लटका रहता है। सरपंच भावना खातरकर बैंगलोर में रहती हैं और पंचायत के कामकाज से पूरी तरह लापरवाह हैं। सचिव को टेमनी के अलावा बडोरा पंचायत का भी चार्ज दिया गया है, जबकि सहायक सचिव का पद खाली है।
– बिना काम के लाखों का भुगतान
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि पंचायत में लगभग ढाई साल से पंचों की कोई बैठक नहीं हुई है। फर्जी प्रस्ताव बनाकर कार्यों के बिना ही लाखों रुपये का भुगतान कर दिया गया। हाल ही में 13-14 लाख रुपये का भुगतान किया गया, जिसमें कोई भी कार्य नहीं हुआ। एच.आर. कंस्ट्रक्शन कंपनी के नाम पर 10 लाख रुपये का भुगतान किया गया, लेकिन गांव में कोई कार्य नजर नहीं आ रहा।इसके अलावा, यशस्वी इंटरप्राइजेस नाम की फर्जी फर्म बनाकर सचिव ने लाखों रुपये का गबन किया है। सरपंच भावना खातरकर के हस्ताक्षर भी फर्जी होने का आरोप है।
ग्रामीणों को शिविरों की जानकारी नहीं, पंचायत में बैठकें बंद
ग्रामीणों ने बताया कि सरपंच के लंबे समय से टेमनी से बाहर रहने के कारण शासकीय शिविरों की कोई जानकारी गांव में नहीं दी जाती। पंचायत में कोई ग्राम सभा नहीं होती, और फर्जी तरीके से कोरम पूरा किया जा रहा है।ग्रामीणों और पंचों ने जिला पंचायत सीईओ से अनुरोध किया है कि पंचायत में हो रहे भ्रष्टाचार की तत्काल जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि सरकारी राशि का सही उपयोग सुनिश्चित हो और दुरुपयोग की गई राशि सरपंच और सचिव से वसूली जाए। ग्रामीणों ने यह भी मांग की कि पंचायत में ताले लगे रहते हैं, सहायक सचिव की नियुक्ति की जाए और विकास कार्यों को सही तरीके से पूरा किया जाए।




