विश्व मानव तस्करी निरोधक दिवस पर बैतूल में तीन बाल श्रमिक रेस्क्यू, प्रदीपन संस्था की टीम को एसपी ने किया सम्मानित
संस्था अब बैतूल के 450 गांवों को बनाएगी बाल सुरक्षित गांव, जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन नेटवर्क के साथ प्रदीपन संस्था की बड़ी पहल

बैतूल। विश्व मानव तस्करी निरोधक दिवस पर राष्ट्रीय स्तर पर कार्यरत जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन नेटवर्क से जुड़ी प्रदीपन संस्था ने श्रम विभाग के सहयोग से बैतूल शहर में तीन बाल श्रमिकों का रेस्क्यू कर उन्हें बाल श्रम से मुक्त कराया। बाल अधिकारों की सुरक्षा के लिए किए जा रहे कार्यों के तहत संस्था की पूरी टीम को एसपी द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन प्रदीपन टीम ने पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व तथा प्रदीपन संस्था की सचिव रेखा गुजरे के मार्गदर्शन में ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों और गांवों में नशे से दूरी बहुत है जरूरी 2.0 अभियान चलाया। अभियान के दौरान विभिन्न प्रकार के नशों के दुष्परिणामों की जानकारी दी गई तथा बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ बनाने के साथ गंभीर बीमारियों से बचाव के लिए नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया।
अभियान में पुलिस विभाग के कर्मचारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। उन्होंने ग्रामीणों और बच्चों को नशे के दुष्परिणाम, बाल विवाह के दुष्प्रभाव और कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। साथ ही सभी को नशामुक्त और बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण की शपथ भी दिलाई गई।
– 450 गांवों में चलेगी बाल सुरक्षित गांव बनाने की मुहिम
बाल अधिकार संरक्षण, बाल श्रम उन्मूलन और जनजागरूकता अभियान में उल्लेखनीय कार्य के लिए जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन प्रदीपन संस्था की पूरी टीम को एसपी द्वारा प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
प्रदीपन संस्था की डायरेक्टर रेखा गुजरे ने बताया कि संस्था अब बैतूल जिले के 450 गांवों में बाल सुरक्षित गांव बनाने की मुहिम शुरू करेगी। इसके तहत बच्चों को बाल श्रम से बचाने, शिक्षा से जोड़ने तथा उनके अधिकारों की सुरक्षा के लिए व्यापक अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने सभी सामाजिक संगठनों और शासकीय विभागों से इस अभियान में सहयोग करने की अपील की।




