Betul news: आरडीए के 33 युवाओं का अग्निवीर आर्मी में चयन
फौजी अशोक रघुवंशी का फ्री फिजिकल प्रशिक्षण बना वरदान

बैतूल। अग्निवीर आर्मी में भर्ती की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए बैतूल स्थित रघुकुल डिफेंस एकेडमी (आरडीए) ने एक बार फिर अपनी सफलता का परचम लहराया है। इस बार 42 युवाओं में से 33 का फाइनल चयन अग्निवीर (आर्मी) में हुआ है। यह उपलब्धि फौजी अशोक रघुवंशी (पूर्व सैनिक) के मार्गदर्शन में आरडीए द्वारा दी गई निःशुल्क फिजिकल ट्रेनिंग के कारण संभव हो सकी है।
आरडीए बैतूल में पूर्व सैनिक अशोक रघुवंशी के नेतृत्व में युवाओं को निःशुल्क फिजिकल ट्रेनिंग दी जाती है। इस बार 42 बच्चों ने आरडीए में कदम मिलाकर अग्निवीर आर्मी के लिए तैयारी की, जिसमें से 33 युवाओं का फाइनल चयन हुआ है। इनमें से 7 युवा मेडिकल में असफल रहे और मात्र 2 बच्चे मेरिट में बाहर हो गए। यह सफलता दिखाती है कि आरडीए बैतूल से जुड़े युवाओं को किस तरह से बेहतरीन मार्गदर्शन और प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
कोचों का मार्गदर्शन बना सफलता की कुंजी
इस सफलता के पीछे कोच रवि पवार, कोच नंदकिशोर रघुवंशी बड़ा योगदान है, जिन्होंने युवाओं को शारीरिक और मानसिक रूप से तैयार किया। सिलेक्ट अभ्यर्थी में गौतम राजपूत, अमरदीप अहाके, धर्मेंद्र पवार, हितेंद्र रघुवंशी, आशीष मस्कोले, अंकित यादव, पंकज यादव, योगेश भघेल, हेमंत भादे, आयुष, पीयूष, लक्ष्मीकांत, करण धोटे, देवांश, अविनाश, आशुतोष, धर्मेंद्र यादव, प्रवीण, अंकित, मोहित, नानक, सतीश, विजय, प्रितेश, अमित, देवेंद्र, पवन मकोड़े, योगेश, सोनी, सेटे, मयंक, तुषार बोकडे, और नीलेश भादे शामिल है
आरडीए बैतूल बना युवाओं के सपनों का आधार
फौजी अशोक रघुवंशी द्वारा संचालित रघुकुल डिफेंस एकेडमी ने जिले के सैकड़ों युवाओं को अग्निवीर आर्मी, पुलिस, और अन्य डिफेंस सेवाओं में करियर बनाने के लिए मार्गदर्शन प्रदान किया है। यहां से प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं ने अपने सपनों को साकार किया है और राष्ट्रीय सेवा में अपना योगदान दिया है। आरडीए बैतूल का उद्देश्य युवाओं को शारीरिक रूप से सशक्त बनाना है, उन्हें आत्मविश्वास से भरपूर कर देश सेवा के लिए तैयार करना है।
मेडिकल और मेरिट में भी युवाओं का संघर्ष
हालांकि 42 में से 7 युवा मेडिकल परीक्षण में असफल रहे और 2 मेरिट आउट हो गए, लेकिन उनकी मेहनत और संघर्ष को सराहा जाना चाहिए। आरडीए बैतूल के मार्गदर्शन में इन युवाओं ने भी अपनी मेहनत का परिचय दिया है, और यह उम्मीद की जा रही है कि भविष्य में वे भी सफलता की ऊंचाइयों को छुएंगे। आरडीए से जुड़े सभी युवाओं ने अपनी कड़ी मेहनत और समर्पण से यह साबित किया है कि सही मार्गदर्शन से सफलता दूर नहीं होती।
अधिक से अधिक युवाओं को जुड़ने की अपील
आरडीए बैतूल से इस बड़ी सफलता के बाद फौजी अशोक रघुवंशी और कोचों ने अपील की है कि जिले के अधिक से अधिक युवा इस संस्थान से जुड़ें और अपनी फिजिकल ट्रेनिंग को मजबूत करें। इस निःशुल्क प्रशिक्षण के माध्यम से आरडीए बैतूल ने युवाओं को एक मजबूत प्लेटफॉर्म दिया है, जहां वे अपने करियर को नई ऊंचाइयों पर ले जा सकते हैं। आरडीए का यह कदम युवाओं के भविष्य को संवारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण योगदान है, जहां शारीरिक दक्षता पर जोर दिया जाता है, युवाओं को मानसिक रूप से भी मजबूत बनाया जाता है।




