Betul news: मंदिर विवाद के बाद खेत में तोड़-फोड़
2 सैकड़ा से अधिक की भीड़ के बीच एसडीएम का निर्णय, बाद में खेत में तोड़-फोड़ और धमकाने की शिकायत

बैतूल। राजीव गांधी वार्ड, मसोद रोड मुलताई निवासी रूपनारायण पवार और प्रदीप कुमार पवार ने कलेक्टर से शिकायत की है कि उनके खेत में बने मंदिर को लेकर विवाद के बाद तोड़-फोड़ और धमकियां दी जा रही हैं। आरोप है कि 23 सितंबर, सोमवार को अनुविभागीय अधिकारी खेत में बने मंदिर को लेकर विवाद का निराकरण करने पहुंची थीं। इस दौरान लगभग 200-250 लोगों की भीड़ मौजूद थी। अधिकारी ने भीड़ के सामने उत्तेजित भाषाओं में निर्णय सुनाया, जिसके बाद से स्थिति और बिगड़ गई।
आवेदकों का कहना है कि एसडीएम के जाने के बाद गजानंद ठाकरे और अन्य समिति के सदस्य उनके खेत में तोड़-फोड़ करने लगे और उन्हें धमकाया भी जा रहा है। पवार परिवार ने पहले ही इस बात की शिकायत दर्ज करवाई थी कि इस विवाद से उनकी जान-माल को खतरा है, लेकिन प्रशासन की ओर से किसी तरह की सुरक्षा मुहैया नहीं कराई गई।
आवेदक रूपनारायण पवार और प्रदीप कुमार पवार ने कलेक्टर से आग्रह किया है कि इस मामले में तत्काल कार्रवाई की जाए ताकि उनकी जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि स्थानीय प्रशासन से उन्हें किसी प्रकार की सुरक्षा की उम्मीद नहीं है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है।
आवेदकों ने कलेक्टर से निवेदन किया है कि गजानंद ठाकरे और अन्य लोगों द्वारा की जा रही तोड़-फोड़ और धमकियों पर तत्काल अंकुश लगाया जाए ताकि वे अपनी संपत्ति और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकें।




