Action : बैतूल कलेक्टर से मानव अधिकार आयोग ने किया जवाब तलब
बकरियां बांधने वाले कमरे में आंगनबाड़ी के संचालन पर मानव अधिकार आयोग ने लिया संज्ञान

MP NEWS : बैतूल। जिले के आमला विकासखंड में आने वाले ग्राम माेरनढाना में बकरियां बांधने वाले कमरे में आंगनबाड़ी का संचालन करने के मामले में मानव अधिकार आयोग ने संज्ञान लिया है। मप्र मानव अधिकार आयोग के अध्यक्ष मनोहर ममतानी एवं सदस्य राजीव कुमार टंडन ने इस मामले में संज्ञान लेकर कलेक्टर, बैतूल से प्रकरण की जांच कराकर की गई कार्यवाही के संबंध में एक माह में जवाब मांगा है।

आयाेग के समक्ष यह मामला आया था कि बैतूल जिले के आमला विकासखंड में आने वाली ग्राम पंचायत ससाबड़ के मोरनढ़ाना गांव में आंगनबाड़ी किराये के कमरे में संचालित की जाती है। इसमें दिन में आंगनबाड़ी के 30 छात्र बैठते हैं और रात के समय उस कमरे में बकरियां बांध दी जाती हैं। बकरियों के बांधने के बाद कमरे में कच्चे गीले फर्श पर बच्चों को पालीथिन एवं तिरपाल के टुकड़े बिछाकर बिठाया जाता है।
गांव में आंगनबाड़ी का भवन तो खनिज मद से स्वीकृत किया गया है लेकिन अब तक राशि न मिलने से इसका निर्माण ही प्रारंभ नहीं हो पाया है। इस दशा में आंगनबाड़ी का संचालन किराये के कमरे में किया जा रहा है। बच्चों को गंदगी के बीच बिठाने का मामला सामने आने के बाद महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने आंगनबाड़ी को दूसरे भवन में लगाने के निर्देश दे दिए हैं।अब इस मामले में मानव अधिकार आयोग के द्वारा संज्ञान लेकर कलेक्टर से जवाब तलब कर लिया है।




