सहकारिता आंदोलन आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव: हेमंत खंडेलवाल।
सामूहिक विकास की मजबूत आधारशिला होती हैं सहकारी संस्थाएं: सोलंकी आमजन के लिए भरोसेमंद वित्तीय सहयोग का केंद्र बनेगी मातृसेवा निधि: राठौर मातृसेवा निधि साख सहकारी संस्था का भव्य शुभारंभ आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में बैतूल का ऐतिहासिक कदम।

बैतूल। जिले में सहकारिता एवं आर्थिक आत्मनिर्भरता को नई दिशा देते हुए मातृसेवा निधि साख सहकारी संस्था मर्यादित, बैतूल का भव्य उद्घाटन रविवार, 22 फरवरी को राधाकृष्ण धर्मशाला, गंज बैतूल में गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। समारोह में जनप्रतिनिधियों, शिक्षाविदों, समाजसेवियों, भूतपूर्व सैनिकों एवं बड़ी संख्या में नागरिकों की उत्साहपूर्ण उपस्थिति रही।

कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था के चेयरमैन डॉ. ओ.पी. राठौर द्वारा बैंक की कार्यप्रणाली एवं उद्देश्यों के विस्तृत विवरण से हुआ। उन्होंने बताया कि संस्था का उद्देश्य सुरक्षित बचत, सुलभ ऋण सुविधा एवं पारदर्शी वित्तीय सेवाएं उपलब्ध कराकर आमजन को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि मातृसेवा निधि क्षेत्र के नागरिकों के लिए भरोसेमंद वित्तीय सहयोग का केंद्र बनेगी।
समारोह में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद हेमंत खंडेलवाल, केंद्रीय मंत्री डी.डी. उइके, संगठन मंत्री, सेवा भारती मध्य भारत प्रांत सुरेंद्र सोलंकी के साथ पूर्व विधायक, पूर्व सैनिक एवं राठौर समाज के पूर्व जिला अध्यक्ष शिवप्रसाद राठौर की गरिमामयी उपस्थिति रही।
मुख्य अतिथि सुरेंद्र सोलंकी ने कहा कि सहकारी संस्थाएं सामाजिक विश्वास, पारदर्शिता और सामूहिक विकास की मजबूत आधारशिला होती हैं तथा यह पहल आत्मनिर्भर समाज निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
हेमंत खंडेलवाल ने सहकारिता आंदोलन को आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव बताते हुए संस्था के प्रयासों की सराहना की।
केंद्रीय मंत्री डी.डी. उइके ने कहा कि सहकारी संस्थाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक आर्थिक सेवाएं पहुंचाकर विकास की नई संभावनाएं सृजित करती हैं और स्थानीय युवाओं व किसानों को सशक्त बनाती हैं।
इस अवसर पर शिवप्रसाद राठौर ने अपने उद्बोधन में कहा सहकारिता आर्थिक व्यवस्था के साथ ही समाज को एक सूत्र में बांधने की सशक्त भावना है। मातृसेवा निधि जैसी संस्थाएं क्षेत्र के नागरिकों के विश्वास को मजबूत करेंगी और नई पीढ़ी को आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देंगी।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों एवं नागरिकों ने संस्था की इस पहल की सराहना करते हुए इसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। अंत में आभार प्रदर्शन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।




