वन अधिकारियों पर आरोप: बिना सूचना खेत की खड़ी फसल चरवाई, किसानों ने की शिकायत

बैतूल। कलेक्टर जनसुनवाई में एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें आवेदक फगनसिंह बिसना, सददू फगना, बुद्ध सिंह कुवर, और मुंशी कुवर ने वन अधिकारियों पर उनकी खड़ी फसल को मवेशियों से चरवाने का आरोप लगाया है। सभी आवेदकगण ग्राम पालंगा, थाना मोहदा, तहसील भीमपुर के निवासी हैं। आवेदकों ने आरोप लगाया कि अनावेदकगण रमेश जायसवाल (बीटगार्ड मोहटा वन परिक्षेत्र मोहदा) और सुनील अहाके (बनाम बीटमाई टीटनी वन परिक्षेत्र मोहदा) ने सरकारी कर्मचारी होते हुए भी ग्राम हिरणखुडी (मोहंटा) के ग्रामीणों राजेश, आल्हा, और रमेश के सहयोग से 12 जुलाई 2024 को बिना किसी पूर्व सूचना के उनके खेत की खड़ी फसल को दिन दहाड़े ही मवेशियों से चरवा दिया।
आवेदकों का कहना है कि वे इस भूमि पर पिछले 50-60 वर्षों से काबिज होकर कृषि कार्य कर रहे हैं और वनाधिकार के तहत पट्टे प्राप्त करने का प्रकरण भी चल रहा है। घटना के दौरान पप्पू / सद्दू गोण्ड ने फसल चराने का फोटो खींचने की कोशिश की तो दोनों नाकेदारों ने उनके साथ मारपीट की। डिप्टी साहब ने बीच बचाव किया, वरना और अधिक मारपीट हो सकती थी। आवेदकों ने कलेक्टर से निवेदन किया है कि वे गरीब कास्तकार हैं और उनके साथ हुए इस अन्याय के खिलाफ अनावेदकगणों पर शीघ्र कानूनी कार्यवाही की जाए तथा उनकी फसल की क्षतिपूर्ति कराई जाए।




