मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद आंखों की सुरक्षा के लिए दिन में काला चश्मा पहने,रात में आई शील्ड का प्रयोग करें ।

घोड़ाडोंगरी। युवा साहू समाज सेवा संगठन जिला बैतूल एवं चिरायु मेडिकल कॉलेज अस्पताल बैरागढ़ भोपाल के तत्वावधान में घोड़ाडोंगरी के सरकारी अस्पताल में मंगलवार को मोतियाबिंद जांच परामर्श एवं ऑपरेशन शिविर का आयोजन सुबह 11 बजे से 2 बजे तक किया गया। शिविर का शुभारंभ गोपाल साहू, संतोषसाहू, डॉ श्रीराम साहू, अभिषेक शुक्ला, डा शौर्य सिंह चौहान, डॉ आदिति शाक्य ने माता कर्मा के चित्र के समक्ष दीपक प्रज्वलित एवं मालार्पण कर नेत्र शिविर का शुभारंभ किया। नेत्र शिविर में मरीजों के नेत्रों की जांच करते हुए डॉ शौर्य सिंह चौहान ने मरीजों से कहा कि मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद शुरुआती कुछ हफ्ते सबसे महत्वपूर्ण होते हैं जरूरी है कि डॉक्टर की बताई आई ड्रॉप्स नियमित रूप से डालें और अपनी आंखों को बिल्कुल ना रगड़े इसके अलावा धूल पानी और दबाव से आंखों को बचाना चाहिए। डा अदिति शाक्य ने कहा कि ऑपरेशन के बाद धूल मिट्टी और तेज धूप से बचने के लिए दिन में काला चश्मा पहने और सोते समय आंखों पर डॉक्टर द्वारा दी गई आई शील्ड जरूर लगाए ताकि आंखों में किसी भी प्रकार की रगड़ ना पड़े। समाजसेवी संतोष साहू ने कहा की वृद्धजनों की सेवा करना पुण्य का काम है। गोपाल साहू ने बताया कि आज घोड़ाडोंगरी एवं शाहपुर में संगठन के द्वारा मोतियाबिंद जांच परामर्श एवं ऑपरेशन शिविर के आयोजन किए गए हैं जिसमें घोड़ाडोंगरी के सरकारी अस्पताल में।
103 मरीज के आंखों की जांच की गई जिसमें से 48 मरीजों में मोतियाबिंद पाया गया वहीं शाहपुर में 51 मरीजों के आंखों की जांच की गई और 17 मरीजों में मोतियाबिंद पाया गया। इस प्रकार कुल 65 मरीजों के ऑपरेशन चिरायु मेडिकल कालेज अस्पताल बैरागढ़ भोपाल में किए जाएंगे।





