Rally news: वीर रामजी भाऊ कोरकू की जयंती पर निकली ऐतिहासिक बाइक रैली
शासकीय महाविद्यालय भैंसदेही का नामकरण वीर रामजी भाऊ कोरकू के नाम पर करने की मांग

बैतूल। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं ताम्रपत्र से सम्मानित वीर रामजी भाऊ कोरकू की जयंती के उपलक्ष्य में भैंसदेही से बैतूल कलेक्टर कार्यालय तक एक ऐतिहासिक बाइक रैली का आयोजन किया गया। वीर रामजी भाऊ नामकरण समिति और मिशन ट्राइबल 5 के तत्वाधान में आयोजित इस बाइक रैली में सैकड़ों युवाओं ने भाग लिया।
2 जुलाई को वीर रामजी भाऊ कोरकू की जयंती पर भैसदेही बस स्टैंड पर स्थित क्षेत्र के शहीदों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के जय स्तंभ पर पुष्पांजलि अर्पित की गई। इसके बाद वीर रामजी भाऊ के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर बाइक रैली की शुरुआत की गई। यह रैली भैसदेही के मुख्य मार्ग से होते हुए विभिन्न गांवों जैसे नवापुरा (भैसदेही कालेज), गुदगांव चौपाटी, पिपरिया, कोयलारी, विजयग्राम, सायगवान, झल्लार, केरपानी, सावलीगढ खेडी, डहरगांव, महदगांव, भडूस, धनौरा, सदर बाजार से होते हुए शहीद भवन बैतूल पहुंची।
— नामकरण की मांग–
इस अवसर पर नामकरण समिति ने जिला अस्पताल बैतूल में फल वितरण किया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए “एक पेड़ मां के नाम से” अभियान के तहत पौधा रोपण/वितरण कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम के पश्चात समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों ने भैसदेही स्थित शासकीय महाविद्यालय का नामकरण वीर रामजी भाऊ कोरकू के नाम पर करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नाम जिला कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजा पंवार, जिलाध्यक्ष-भाजपा शबबला शुक्ला, भाजपा जनजाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष सीताराम चढोकर, और शासकीय महाविद्यालय, भैसदेही के प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा।
— इनकी रही महत्वपूर्ण भूमिका–
इस कार्यक्रम का आयोजन आदिवासी कोरकू कल्याण समिति के सौजन्य और मार्गदर्शन से, वीर रामजी भाऊ नामकरण समिति के तत्वावधान और मिशन ट्राइबल-5 टीम के सहयोग से किया गया। वीर रामजी भाऊ नामकरण समिति के अध्यक्ष महादेव बेठे, उपाध्यक्ष करण चढ़ोकार, सचिव शुभम बारस्कर, और मिशन ट्राइबल 5 के सदस्य डॉ. अलकेश धोटे, सुनिल लिखितकर, हरिश साल्वे ने इस आयोजन में सक्रिय भूमिका निभाई।
समिति के अध्यक्ष महादेव बेठे ने कहा इस आयोजन ने वीर रामजी भाऊ कोरकू के योगदान को सम्मानित किया, उनके प्रति आदर और गौरव का भाव भी स्थापित किया।
वीर रामजी भाऊ कोरकू ने ब्रिटिश साम्राज्य के खिलाफ भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने मालेगांव “जंगल सत्याग्रह” का नेतृत्व किया, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें अंग्रेजी हुकूमत द्वारा कठोर कारावास और असहनीय यातनाओं का सामना करना पड़ा।




