budget 2024: बजट 2024 सही दिशा में एक अच्छा बजट है: सुनील हिरानी
युवा इंटर्न को मिलेगा 5000 प्रतिमाह, देश में होंगे 100 स्ट्रीट फूड हब

बैतूल। बजट 2024 में आयकर अधिनियम में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं जिसके तहत वे कर्मचारी जो वेतन भोगी है उनकी स्टैंडर्ड डिडक्शन की सीमा को 50000 से बढ़कर 75000 किया गया है तथा आयकर के स्लैब में जो परिवर्तन किया गया है उससे 17500 की बचत एक वेतन भोगी कर्मचारी को होगी। विगत कुछ महीनो से शेयर मार्केट में जो अनियमित उछाल आ रहा था उस पर लगाम लगाने के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। कैपिटल गेन टैक्स 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 12.5 प्रतिशत करना एक कड़ा कदम है जिसके दीर्घकालीन लाभ देश की गरीब जनता को मिलेंगे। देश के सकल घरेलू उत्पाद को बढ़ाने तथा बेरोजगारी पर लगाम कसने की दिशा में यह बजट है। ग्रामीण क्षेत्रों में 1.5 लाख करोड़ का बजट ग्राम विकास की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। संस्था कोई भी हो, परिवार अथवा देश बिना कोई बड़ा कदम उठाए सुधार असंभव है, आयकर में आलोचना की परवाह किए बिना जो कड़े कदम उठाए गए हैं वह मोदी सरकार के बस की ही बात है जिसके अच्छे परिणाम आगे दिखेंगे। यह एक संतुलित बजट है तथा इसकी दिशा विकसित अर्थव्यवस्था है क्योंकि समाज में संतुलन ही उसकी आधारशिला होती है जिस दिशा में यह बजट है। स्ट्रीट फूड भारत की पहचान है, अब देश में 100 ऐसे हब बनेंगे जहां पारंपरिक स्ट्रीट फूड का आनंद पूरी दुनिया के लोग लेंगे। बड़े शहरों में जल प्रबंधन एक बड़ी समस्या है जिसके लिए 100 बड़े शहरों में बड़ा कार्य होगा। 30 लाख से अधिक आबादी वाले 14 शहरों में पारगमन उन्मुख विकास परियोजना पर बड़ा खर्च होगा जिससे कि ट्रांजिट की समस्या से मुक्ति मिलेगी। यद्यपि राजकोषीय घाटा कम करने के लिए इस बजट में पर्याप्त कदम उठाए गए हैं परन्तु सरकार द्वारा कुछ अन्य उपायों पर विचार किया जा सकता था जैसे विनिवेश आदि। एक चार्टर्ड अकाउंटेंट के नाते आयकर के आमूल चूल परिवर्तन दशकों से अपेक्षित थे जिस दिशा में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के ठोस कदम बढ़ रहे हैं जिसका इंतजार देश को है। कुल जमा बात यह है कि दिशा यदि सही हो तो गति कम है या ज्यादा इस बात का कोई फर्क नहीं पड़ता।




