Betul news: महाराष्ट्र में गौ माता की जीत: गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़
गौ माता को महाराष्ट्र माता घोषित कर एकनाथ शिंदे ने रचा इतिहास

शंकराचार्य के मार्गदर्शन में गो प्रतिष्ठा आंदोलन ने दिलाई शिंदे को विजय: गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़
बैतूल। महाराष्ट्र में हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनाव 2024 में एकनाथ शिंदे की ऐतिहासिक जीत ने एक बार फिर धर्म और गौ माता के प्रति महाराष्ट्र की जनता की आस्था को प्रमाणित कर दिया है। इस जीत पर बैतूल के गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़ ने समूचे महाराष्ट्र की जनता को बधाई देते हुए कहा कि यह विजय धर्म, विश्वास और गौ माता की प्रतिष्ठा के लिए है।

गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़ ने कहा कि परम् पूज्य शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी और शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी के नेतृत्व में चल रहे गौ प्रतिष्ठा आंदोलन का यह परिणाम है। इस आंदोलन ने देशभर में धर्म और गो रक्षा का वातावरण निर्मित किया है। गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की अंतिम मांग को लेकर चल रहे इस आंदोलन ने महाराष्ट्र में एक ऐतिहासिक कदम उठाया जब मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने गौ माता को महाराष्ट्र माता घोषित किया।

गौ ध्वज स्थापना से बनी जीत की भूमिका
गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़ ने कहा कि शंकराचार्य जी के मार्गदर्शन में गो प्रतिष्ठा आंदोलन के तहत महाराष्ट्र की सभी विधानसभाओं में गो ध्वज स्थापित किए गए। 15 अक्टूबर तक अधिकतर मुख्यालयों में गो ध्वज फहराया गया। गौ सांसदों और गौ विधायकों ने शंकराचार्य जी के निर्देशानुसार महाराष्ट्र में जाकर गौ माता के सम्मान में मुख्यमंत्री शिंदे के समर्थन में प्रचार किया। जनता ने इसे गंभीरता से लिया और नतीजों में स्पष्ट रूप से शिंदे के प्रति अपनी आस्था जताई।
गौ माता की पूर्ण प्रतिष्ठा की मांग
गौ सांसद युवराज मालवीय श्री गौड़ ने कहा कि गौ माता की यह विजय अभी अधूरी है। जब तक गौ हत्या पूरी तरह बंद नहीं होगी और गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा नहीं मिलेगा, तब तक आंदोलन चलता रहेगा। युवराज मालवीय श्री गौड़ ने समूचे महाराष्ट्र की धार्मिक और गौ भक्त जनता को इस जीत पर बधाई दी और कहा कि यह विजय गौ माता और भारतीय संस्कृति की विजय है।




