छात्रों से माफी मांगकर इस्तीफा दें प्रधानमंत्री: गोलू सोनीदावा: छह महीने के भीतर यह सरकार सत्ता से बाहर हो जाएगी

बैतूल। पेपर लीक और छात्रों के भविष्य के मुद्दे को लेकर कांग्रेस सेवा दल के बैतूल ब्लॉक अध्यक्ष गोलू सोनी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 10 वर्षों में लगातार पेपर लीक की घटनाओं से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है, लेकिन सरकार इस गंभीर समस्या का स्थायी समाधान करने में विफल रही है। उनका कहना है कि सरकार छात्रों के भविष्य की चिंता करने के बजाय हिंदू-मुस्लिम जैसे मुद्दों पर राजनीति करती रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों में छात्रों के प्रति छल और कपट की भावना झलकती है, जिसका खामियाजा युवाओं को भुगतना पड़ रहा है। गोलू सोनी ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री में नैतिक जिम्मेदारी का भाव है तो उन्हें देश के छात्रों से माफी मांगकर अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
गोलू सोनी ने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं। उनके परिजन, मित्र और अनेक लोग, जो उन्हें व्यक्तिगत रूप से भी नहीं जानते, उनके समर्थन में खड़े हैं। उन्होंने देशवासियों से अपील की कि वे अपने बच्चों और देश के युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए छात्रों के आंदोलन का समर्थन करें। उनका कहना है कि यदि आज भी लोग एकजुट नहीं हुए तो सरकार इसी तरह तानाशाहीपूर्ण रवैया अपनाती रहेगी।
उन्होंने दावा किया कि अगले छह महीने के भीतर यह सरकार सत्ता से बाहर हो जाएगी। गोलू सोनी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लगातार जवानों, युवाओं, छात्रों और किसानों के साथ अन्याय कर रही है। उन्होंने कहा कि यदि आज भी देश की जनता नहीं जागी तो कल यही स्थिति उनके बच्चों के साथ भी हो सकती है। उनका कहना है कि छात्र वर्षों तक मेहनत कर परीक्षाओं की तैयारी करते हैं, लेकिन बार-बार पेपर लीक जैसी घटनाओं से उनका भविष्य दांव पर लग जाता है। इसलिए देशवासियों को छात्रों के समर्थन में एकजुट होकर सरकार से जवाब मांगना चाहिए।




