Kavad Yatra will start for ‘world peace’: बैतूल में ‘विश्व शांति’ के लिए निकलेगी भव्य कावड़ यात्रा
350 कावड़ियों का जत्था महाकाल चौक से जटाशंकर तक करेगा पदयात्रा

बैतूल। श्री शंभू भोले उत्सव सेवा समिति के तत्वावधान में बैतूल के महाकाल चौक से जटाशंकर तक ‘विश्व शांति’ कावड़ यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। यह भव्य यात्रा 12 अगस्त 2024, सोमवार को प्रातः 8 बजे महाकाल चौक से प्रारंभ होगी। लगभग 350 कावड़िए इस यात्रा में शामिल होंगे, जो जटाशंकर पहुंचकर अभिषेक, आरती, और पूजन करेंगे। यात्रा महाकाल मंदिर से मरही माता मंदिर, लल्ली चौक, गणेश चौक से हमलापुर होते हुए जटाशंकर धाम पहुंचेंगी।
समिति से मिली जानकारी के अनुसार इस वर्ष की कावड़ यात्रा का उद्देश्य विश्व शांति की कामना है। वर्तमान में रूस-यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध सहित अन्य युद्धों को समाप्त करने के लिए यह यात्रा आयोजित की जा रही है। इसका उद्देश्य समस्त भारत और विश्व में शांति, प्रगति, और विकास की भावना को फैलाना है। उल्लेखनीय है कि शहर में धार्मिक सद्भावना और ऐतिहासिक आयोजनों के लिए प्रसिद्ध श्री शंभू भोले उत्सव सेवा समिति हर साल कावड़ यात्रा निकालती है, लेकिन इस वर्ष की यात्रा विशेष रूप से भव्य है। शिवरात्रि पर भव्य शिव बारात से लेकर समाज सेवा तक, समिति के पदाधिकारी हमेशा अग्रणी रहे हैं। समिति युवाओं को हिंदू धर्म के प्रति जागरूक करने और बैतूल की धार्मिक क्षेत्र में विशिष्ट पहचान बनाने में विशेष योगदान दे रही है। हिंदू धर्म की मान्यताओं में कावड़ यात्रा का विशेष महत्व है, और समिति का यह प्रयास धार्मिक क्षेत्र में महानतम प्रयासों में से एक है। इस यात्रा के माध्यम से समिति न केवल धार्मिक आस्था को मजबूत कर रही है, बल्कि समाज में शांति और सद्भावना का संदेश भी प्रसारित कर रही है। कावड़ यात्रा के मार्ग में विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालु कावड़ियों के लिए स्वल्पाहार की व्यवस्था करेंगे। यात्रा के समापन पर जटाशंकर पहुंचने पर महादेव का अभिषेक, आरती, और पूजन किया जाएगा। इसके पश्चात सभी कावड़ियों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई है।
— शांति और सद्भाव की ओर एक कदम–
श्री शंभू भोले उत्सव सेवा समिति ने सभी से इस कावड़ यात्रा में शामिल होने और विश्व शांति की कामना करने का आह्वान किया है। समिति का मानना है कि इस प्रकार के आयोजन समाज में शांति, सद्भाव, और विकास की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। समिति के इस प्रयास से निश्चित ही एक सकारात्मक संदेश जाएगा और विश्व शांति की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जाएगा।




