घाटपिपरिया में रामलीला के मंचन ने मोहा मन।
राजू अनुराग पंवार का ग्रामीणों ने किया सम्मान ।

बैतूल। आधुनिकता के इस दौर में जहां युवा पीढ़ी धीरे-धीरे अपनी जड़ों और पारंपरिक मूल्यों से दूर होकर पश्चिमी सभ्यता की चकाचौंध में खोती जा रही है, वहीं जिले की मुलताई विधानसभा के ग्राम घाटपिपरिया से एक सुखद और प्रेरणादायक तस्वीर सामने आई है। यहां के स्थानीय ग्रामीण कलाकारों ने रामलीला का भव्य मंचन कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर समाज को अपनी समृद्ध संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने का संदेश दिया।
पौराणिक पात्रों के माध्यम से संस्कारों का संचार
ग्राम घाटपिपरिया के युवाओं ने नाटक के माध्यम से भगवान श्री राम के जीवन और उनके आदर्शों को जीवंत किया। मंचन के दौरान कलाकारों ने विभिन्न पौराणिक पात्रों की जीवन शैली को बखूबी पर्दे पर उतारा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को मर्यादा पुरुषोत्तम राम के बताए हुए सत्य और धर्म के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करना है। ग्रामीणों का मानना है कि ऐसे आयोजनों से समाज में नैतिक मूल्यों का विकास होता है।
– राजू अनुराग पवार ने बढ़ाया कलाकारों का उत्साह
युवा कलाकारों के इस बेहतरीन अभिनय और संस्कृति को सहेजने के जुनून की चौतरफा सराहना हो रही है। इस अवसर पर भाजपा नेता व समाजसेवी राजू अनुराग पवार विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने कलाकारों के अभिनय की प्रशंसा करते हुए कहा कहा कि आज के समय में जब युवा अपनी संस्कृति को भूल रहे हैं, तब घाटपिपरिया के इन युवाओं का अपनी परंपराओं को बचाने के लिए किया गया यह प्रयास अनुकरणीय है। मुझे पूरा विश्वास है कि ऐसे प्रयासों से हम अपनी गौरवशाली विरासत को आने वाली पीढ़ियों तक सुरक्षित पहुँचा सकेंगे। कलाकारों के उत्साहवर्धन के लिए श्री पवार ने उन्हें 3 हजार रुपये की नगद प्रोत्साहन राशि भेंट की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
– बुजुर्गों और युवाओं का मिला अनूठा संगम
कार्यक्रम के दौरान पूरा गांव भक्तिमय माहौल में डूबा नजर आया। इस मंचन को देखने के लिए बड़ी संख्या में वरिष्ठ ग्रामीण और युवा साथी मौजूद रहे। बुजुर्गों ने जहां युवाओं के इस प्रयास को आशीर्वाद दिया, वहीं युवाओं ने इसे अपनी संस्कृति को बचाने का एक संकल्प बताया।





