कांग्रेसियों ने गैस सिलेंडर की अर्थी निकालकर किया विरोध।
किसानों की आवाज बनी कांग्रेस, हक दिलाने के लिए किया जोरदार प्रदर्शन । धरना प्रदर्शन से बड़ी जिले की सियासी गर्मी, किसानों के समर्थन में कांग्रेस का हल्ला बोल ।

बैतूल। किसानों की समस्याओं को लेकर गुरुवार 9 अप्रैल को कांग्रेस जिलाध्यक्ष निलय विनोद डागा के नेतृत्व में जिला मुख्यालय में कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। शिवाजी ऑडिटोरियम में आयोजित विशाल जनसभा के बाद हजारों कांग्रेस कार्यकर्ता और किसान रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे, जहां राज्यपाल के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान जिले की सियासत भी गर्मा गई और कांग्रेस ने सड़कों पर उतरकर किसानों के हक की आवाज बुलंद की।
जनसभा में जिलेभर से बड़ी संख्या में किसान, पदाधिकारी और कार्यकर्ता पहुंचे। सभा के बाद विशाल रैली निकालकर कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे और राज्यपाल के नाम आमजन से जुड़ी प्रमुख मांगे का ज्ञापन सौंपा।

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि गेहूं खरीदी में देरी, समर्थन मूल्य नहीं मिलने, ओलावृष्टि से नुकसान और खाद की कमी जैसी समस्याओं से किसान परेशान हैं, लेकिन शासन स्तर पर ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मजबूरी में किसान अपनी उपज कम दामों पर बेचने को विवश हैं।

ज्ञापन में उठाईं 10 बड़ी मांगें
राज्यपाल के नाम सौंपे गए ज्ञापन में कांग्रेस ने किसानों और आमजन से जुड़ी कई प्रमुख मांगें रखीं। इसमें मुलताई, आठनेर, चिचोली सहित अन्य क्षेत्रों में ओलावृष्टि से खराब फसलों का सर्वे कर मुआवजा देने और रंगविहीन गेहूं की खरीदी की मांग की गई। साथ ही गेहूं का 3000 रुपये, मक्का का 2400 रुपये और सोयाबीन का 6000 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य घोषित कर खरीदी शुरू करने की बात कही गई।
किसानों को 14 घंटे बिजली आपूर्ति, अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने, खाद-यूरिया की उपलब्धता सुनिश्चित करने और कालाबाजारी रोकने की मांग भी प्रमुख रही। सहकारी ऋण वसूली की तारीख 30 अप्रैल तक बढ़ाने और ब्याज माफ करने, बिजली चोरी व नरवाई जलाने के नाम पर दर्ज प्रकरण खत्म करने की मांग भी उठाई गई।
इसके अलावा मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना में जोड़ों की संख्या बढ़ाने, मेंढा डेम प्रभावित ग्राम ढोल्यामहु के विस्थापितों के पुनर्वास और आदिवासी अंचलों में पेयजल समस्या के समाधान की मांग भी शामिल रही।

ज्ञापन में असम के मुख्यमंत्री हेमंत विश्वा शर्मा द्वारा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर दिए गए बयान की निंदा करते हुए उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग भी की गई।
धरना-प्रदर्शन में कांग्रेस जिलाध्यक्ष निलय विनोद डागा, विधानसभा प्रभारी गोपाल कृष्ण शर्मा, गोविंद व्यास, ब्रजभूषण पांडे, रामू टेकाम, समीर खान, लवलेश बब्बा राठौर, नारायण राव धोटे, सुभाष देशमुख, युवक कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष यश घनघोरिया, पूर्व विधायक पी.आर. बोड़खे, धरमू सिंह सिरसाम, राहुल उइके, मनोज मालवे, मोनिका निरापुरे, पुष्पा पेंद्राम, डॉ. रमेश काकोड़िया, मनोज आर्य, नत्थू पोटे, संजय सरदार यादव, अनुराग मिश्रा, जैद खान, युवा कांग्रेस के पूर्व जिला अध्यक्ष विजय पारधी, ओमप्रकाश दीवान, महेश थोटेकर, सोनू हरप्रीत खनूजा, नितीन गाडरे, जगदीश गोचरे, कमल नागले, महेन्द्र भारती, सप्पू खान, मोनू वाघ, नितेश साहू, राहुल छत्रपाल, मोनू बडोनिया, प्रशांत राजपूत, महेन्द्र पंडोले, मनोज कालू आहूजा, राजकुमार चौबे, पंकज वंजारे, सत्यप्रकाश रावत, निताई कर, नीरज राठौर, रूपलाल यादव, पहलवान सिंह ठाकुर, सुभाष यादव, महेश यादव, राहुल पटेल, उपेन्द्र वर्मा, राहुल इवने, पंकज रानू ठाकुर, सियाराम यादव, गोपाल आजाद, नरेश मोहरे, विजेन्द्र भावसार, बटेश्वर भारती, अजय सिंह सोलंकी, मिश्रीलाल धाकड़, भूतासिंह, सुमित शिवहरे, किशोर परिहार, लोकेश पगारिया, प्रशांत मरोठी, रवि त्रिपाठी, रामा काकोड़िया, जानी पठान, धर्मेन्द्र खाकरे, प्रेरणा शर्मा, जमन्या पंडाग्रे, तरुण मानकर, संजय मावस्कर, रवि उघड़े, प्रीतेश पटेल, सुरेश करोले, ललित यादव, शिवम दीवान, सीमा अतुलकर, राफे बक्स, वसीम खान सहित सैकड़ों किसान और कांग्रेसजन उपस्थित रहे।
– गैस सिलेंडर की अर्थी निकालकर किया विरोध
धरना-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गैस के बढ़ते दाम और किल्लत के विरोध में प्रतीकात्मक रूप से गैस सिलेंडर की अर्थी निकालकर अनोखा प्रदर्शन किया। इसके बाद सिलेंडर का दहन कर केंद्र की नीतियों के खिलाफ आक्रोश जताया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र की मोदी सरकार की कथित गलत नीतियों को लेकर जमकर नारेबाजी की और महंगाई के मुद्दे पर सरकार को घेरा।





