Betul news: तहसील कार्यालय की लापरवाही से महीनों बाद भी नहीं मिला नक्सा, जनसुनवाई में की शिकायत
पटवारी और तहसीलदार की उदासीनता से परेशान आवेदक

Betul news: बैतूल। तहसील घोड़ाडोंगरी के बगडोना निवासी मंजूर अहमद रिजवी पिछले 10 महीनों से अपने खसरा क्रमांक 65/1 और 65/4 का नक्सा प्राप्त करने के लिए लगातार तहसील कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन प्रशासनिक लापरवाही के चलते उन्हें अब तक नक्सा नहीं मिला है। इस संबंध में उन्होंने कलेक्टर बैतूल के समक्ष न्याय की गुहार लगाई है। आवेदक मंजूर अहमद ने बताया कि उन्होंने 16 अगस्त 2023 को पहली बार तहसीलदार घोड़ाडोंगरी के पास नक्सा प्राप्त करने का आवेदन दिया था, जिसे तहसीलदार द्वारा हल्का पटवारी को मार्क किया गया। इसके बाद भी उन्हें नक्सा नहीं मिला, जिसके चलते उन्होंने 29 अप्रैल 2024 को फिर से आवेदन किया, लेकिन तहसील कार्यालय के अधिकारी और कर्मचारी लगातार टालमटोल करते रहे।
आवेदक ने बताया कि 9 मई 2024 को उन्हें नकल विभाग ने बुलाया, लेकिन जब वह नक्सा लेने पहुंचे, तो उन्हें बताया गया कि खसरा क्रमांक 65/1 और 65/4 का नक्सा आईटी सेंटर से लिया जाना उचित होगा। जब वह आईटी सेंटर गए, तो उन्हें वहां से भी खाली हाथ लौटना पड़ा। उन्हें बताया गया कि नक्सा तहसीलदार के पास उपलब्ध है, और वहां संपर्क करना होगा। आखिरकार, आवेदक ने 11 जून 2024 को कलेक्टर बैतूल को एक आवेदन पत्र सौंपते हुए इस पूरी प्रक्रिया के दौरान की गई लापरवाहियों का विवरण दिया। कलेक्टर से उन्होंने अनुरोध किया कि उनके आवेदन का जल्द से जल्द निराकरण कर उन्हें नक्सा प्रदान किया जाए।
मंजूर अहमद का कहना है कि घोड़ाडोंगरी तहसील कार्यालय में नक्सा प्राप्त करने की प्रक्रिया में हो रही देरी और अधिकारियों की अनदेखी से उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि तहसीलदार कार्यालय की यह लापरवाही उनके अधिकारों का हनन कर रही है, यह सरकारी कामकाज में व्याप्त भ्रष्टाचार का भी एक उदाहरण है।
आवेदक ने बताया कि खसरा क्रमांक 65/1 के भूस्वामी द्वारा सीमांकन का आवेदन पहले ही तहसील कार्यालय में प्रस्तुत किया जा चुका है, लेकिन फिर भी नक्सा नहीं प्रदान किया जा रहा। उन्होंने कलेक्टर से इस मामले में दखल देने और न्यायसंगत कार्रवाई करने की मांग की है।




