मोबाइल की दुनिया में योग की मिसाल बनी 8 वर्षीय फाल्गुनी।

बैतूल। एक ओर जहां आज के दौर में अधिकांश बच्चे मोबाइल स्क्रीन, वीडियो गेम और सोशल मीडिया की आभासी दुनिया में खोते जा रहे हैं, वहीं हमलापुर की महज 8 वर्षीय फाल्गुनी दुबे अपने अनुशासन, लगन और योग साधना से एक अलग पहचान बना रही हैं। छोटी सी उम्र में योग को जीवन का हिस्सा बना चुकी फाल्गुनी ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर एक बार फिर अपनी प्रतिभा से सभी को प्रभावित किया।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को मेजर ध्यानचंद हॉकी स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में फाल्गुनी ने अपनी अद्भुत योग प्रतिभा और फिटनेस का शानदार प्रदर्शन कर उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विभिन्न योगासन और संतुलन की कठिन मुद्राओं को सहजता से प्रस्तुत कर उन्होंने सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने फाल्गुनी की लगन, आत्मविश्वास और योग के प्रति समर्पण की सराहना की। कम उम्र में योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाकर फाल्गुनी अन्य बच्चों के लिए भी प्रेरणास्रोत बन रही हैं। इस अवसर पर फाल्गुनी दुबे ने कहा कि यदि बचपन से ही योग को जीवन का हिस्सा बना लिया जाए, तो न केवल हम स्वस्थ रहेंगे, बल्कि एक समृद्ध और सशक्त भारत का निर्माण भी संभव होगा।




