बौद्ध युवक-युवती परिचय सम्मेलन के बाद दिखने लगा सामाजिक बदलाव का असर।
प्रज्ञा जीवनसाथी स्मारिका विमोचन के साथ संपन्न हुआ परिचय सम्मेलन ।

बैतूल। भारत भारती जामठी स्थित प्रज्ञा बुद्ध विहार में रविवार को प्रदेश स्तरीय बौद्ध युवक-युवती परिचय सम्मेलन एवं बुद्ध पूर्णिमा कार्यक्रम संपन्न हुआ। आयोजन में मध्यप्रदेश के विभिन्न जिलों सहित महाराष्ट्र से आए 200 से अधिक युवक-युवतियों और सामाजिक बंधुओं ने भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत तथागत गौतम बुद्ध और डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के छायाचित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन से हुई। मुख्य अतिथि आमला विधायक डॉ. योगेश पंडाग्रे की उपस्थिति में मंचासीन अतिथियों का सम्मान किया गया। इसके बाद ‘प्रज्ञा जीवनसाथी’ स्मारिका का विमोचन किया गया, जिसमें 200 से अधिक विवाह योग्य युवक-युवतियों के बायोडाटा शामिल हैं।
सम्मेलन की विशेषता यह रही कि युवक-युवतियों ने मंच से स्वयं का परिचय दिया, जिससे आपसी संवाद और पारदर्शिता को बढ़ावा मिला। इस दौरान प्रो. सुखदेव डोंगरे के नेतृत्व में उपस्थित सभी लोगों ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना की सामूहिक शपथ ली और सामाजिक समानता का संदेश दिया।
आयोजन प्रज्ञा बुद्ध विहार समिति, बुद्धभूमि बैतूल और विभिन्न सामाजिक संगठनों के सहयोग से किया गया। सम्मेलन में भोपाल, इंदौर, छिंदवाड़ा, हरदा, खंडवा, नागपुर, अमरावती सहित कई जिलों से प्रतिभागी शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान भोजन सहित अन्य व्यवस्थाएं सुव्यवस्थित रहीं।
आयोजन समिति के अध्यक्ष रामदास पाटिल ने कार्यक्रम को सफल बताते हुए सभी सहयोगियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में ऐसे आयोजनों को जारी रखने की बात कही।
श्री पाटिल ने बताया कि सम्मेलन के बाद अब समाज में इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। सम्मेलन के माध्यम से हुए परिचय अब आपसी संवाद और पारिवारिक संपर्क में बदल रहे हैं, जिससे वैचारिक आधार पर रिश्तों की दिशा तय होती नजर आ रही है। उन्होंने बताया भविष्य में फॉलोअप बैठक और मिलन कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है, ताकि प्रारंभिक परिचय को ठोस रिश्तों में बदला जा सके।




