रामनवमी पर 27 मार्च को सारणी में निकलेगी ऐतिहासिक शोभायात्रा ।

झांकियां बनेंगी आकर्षण का केंद्र, 23 वर्षों की परंपरानुसार होगा भव्य देवी जागरण । 19 मार्च से लगातार चल रहे धार्मिक आयोजन, हर सुबह प्रभात फेरी और पाठ-हवन।

बैतूल। रामनवमी के अवसर पर सारणी में इस बार आस्था, परंपरा और भव्यता का संगम देखने को मिल रहा है। श्री राम मंदिर समिति द्वारा 27 मार्च को राम जन्मोत्सव, महाआरती और प्रसादी वितरण के साथ प्रमुख आयोजन किए जाएंगे, जिनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भागीदारी की संभावना है। पूरा नगर इन आयोजनों को लेकर उत्साह और भक्ति के रंग में रंग चुका है।

आज 27 मार्च को दोपहर के समय श्री राम मंदिर परिसर में भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव का आयोजन होगा। इसके बाद महाआरती और श्रद्धालुओं के लिए प्रसादी वितरण किया जाएगा। आयोजन समिति ने इसे भव्य रूप देने की तैयारियां पूरी कर ली हैं।

इसी क्रम में श्री राम मंदिर से भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जो पूरे सारणी नगर का भ्रमण करते हुए पुनः मंदिर परिसर पहुंचेगी। शोभायात्रा में विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं द्वारा आकर्षक झांकियों का प्रदर्शन किया जाएगा, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेंगी।

– 23 वर्षों से जारी देवी जागरण की परंपरा

रामनवमी के उपलक्ष्य में आयोजित देवी जागरण इस क्षेत्र की पहचान बन चुका है। विगत 23 वर्षों से अशोक गुप्ता अपने पूज्य पिताजी स्व. राम शरण गुप्ता एवं पुत्र स्व. वरुण गुप्ता की स्मृति में इस जागरण का आयोजन कर रहे हैं। इसमें दूर-दूर से आमंत्रित भजन मंडलियां पूरी रात भक्ति रस की धारा प्रवाहित करती हैं, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठता है।

– 19 मार्च से लगातार चल रही धार्मिक गतिविधियां

नवरात्र पर्व के तहत 19 मार्च से श्री राम मंदिर में धार्मिक कार्यक्रमों की श्रृंखला निरंतर जारी है। प्रतिदिन सुबह 5 बजे प्रभात फेरी निकाली जा रही है, जिसके बाद सुबह 5:30 बजे से नवाह्न पारायण, मां दुर्गा सप्तशती पाठ और हवन किया जा रहा है। इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होकर भक्ति भाव से सहभागिता कर रहे हैं।

– नगर में उत्साह, आयोजकों की अपील

आयोजकों ने नगरवासियों और श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर इस भव्य आयोजन का हिस्सा बनें और पुण्य लाभ अर्जित करें। पूरे सारणी नगर में इस आयोजन को लेकर उल्लास और श्रद्धा का वातावरण बना हुआ है।

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