विश्व जल दिवस विशेष 22मार्च ।

अमृत रूपी जल
ईश्वर का दिया हुआ एक वरदान,
अमृत रूपी जल इसका नाम।
मानव की यह प्यास बुझाता,
पृथ्वी को नवजीवन भर देता।
इसके बिना जीवन अधूरा,
जिससे ही यह संसार पूरा।
व्यर्थ न हो एक बूँद भी इसकी,
रखना सदा इसका सम्मान।
आज बचाओगे जल की धारा,
तभी सुखी होगा कल तुम्हारा।
भूपेंद्र मालवी
(ग्रीन टाइगर्स बैतूल)




