जिले के राजनीतिक इतिहास में पहली बार बूथ-बूथ पहुंचा कांग्रेस का संदेश
जिले के 1758 बूथों पर एक साथ फहरा कांग्रेस का झंडा

जवाहर वार्ड के बूथ पर पहुंचकर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने स्वयं पढ़ा पार्टी का संदेश
बैतूल।
बैतूल जिले के राजनीतिक इतिहास में पहली बार कांग्रेस ने अपना 140वां स्थापना दिवस जिले के सभी 1758 पोलिंग बूथों पर एक साथ मनाकर संगठनात्मक शक्ति का प्रदर्शन किया। 28 दिसंबर को जिले के शहरी और ग्रामीण अंचलों में सार्वजनिक स्थलों और बूथ कार्यालयों पर कांग्रेस का ध्वज फहराया गया और राष्ट्रगान जन-गण-मन के साथ कार्यक्रमों की शुरुआत हुई।
स्थापना दिवस को औपचारिक कार्यक्रम न रखते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष निलय विनोद डागा स्वयं बैतूल नगर के जवाहर वार्ड स्थित बूथ पर पहुंचे और पार्टी का संदेश पढ़कर सुनाया। वहीं संगठन उपाध्यक्ष सुखदेव पांसे ने मुलताई में बूथ स्तर पर स्थापना दिवस मनाते हुए संदेश वाचन किया। जिले के प्रत्येक बूथ पर बी.एल.ए. या वरिष्ठ कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा जिला अध्यक्ष का संदेश पढ़ा गया।
संदेश में कहा गया कि 28 दिसंबर 1885 को अंग्रेजों के खिलाफ स्वतंत्रता आंदोलन का नेतृत्व करने के उद्देश्य से कांग्रेस पार्टी का गठन हुआ। कांग्रेस का स्थापना दिवस उस लंबी संघर्ष यात्रा की याद है, जिसने देश को आजादी, संविधान और स्थिर लोकतंत्र दिया। 1920 के बाद महात्मा गांधी के नेतृत्व में असहयोग आंदोलन, नमक सत्याग्रह, दांडी मार्च और भारत छोड़ो आंदोलन जैसे ऐतिहासिक संघर्षों ने अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी।
– आजादी की लड़ाई से बैतूल का योगदान भी अमर
संदेश में महात्मा गांधी, पंडित जवाहरलाल नेहरू, सुभाषचंद्र बोस, चंद्रशेखर आजाद, सरदार वल्लभभाई पटेल, भगतसिंह, सुखदेव, राजगुरु, रामप्रसाद बिस्मिल, बाल गंगाधर तिलक, लाला लाजपत राय, डॉ. भीमराव अंबेडकर, अशफाख उल्ला खान, रानी लक्ष्मीबाई, तात्या टोपे, रानी अवंतीबाई, टंट्या भील, शंकर शाह, रघुनाथ शाह और भीमा नायक सहित बैतूल जिले के विष्णु सिंह गोंड, गंजन सिंह कोरकू, रामदीन पटेल, शिवदीन पटेल, बिरदीचंद गोठी, महादेव रेवतकर, बिहारीलाल पटेल, मारोतीराव देशमुख, बालकृष्ण पटेल, रामराव मालवी, अब्दुल शाह, दिगम्बर राव जैन, पांडु नागले, बद्रीप्रसाद मिश्रा, रामचंद पाटील, गुलाब सिंह, गोविन्दराव देशमुख, आनन्दराव लोखण्डे और भील्याजी धोटे जैसे स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को नमन किया गया।
– आजादी के बाद देश को खड़ा करने की जिम्मेदारी भी निभाई
संदेश में कहा गया कि 15 अगस्त 1947 को आजादी के बाद देश गरीबी, अशिक्षा, बेरोजगारी और पिछड़ी अर्थव्यवस्था से जूझ रहा था। कांग्रेस ने केवल आजादी नहीं दिलाई बल्कि देश को खड़ा करने की जिम्मेदारी भी निभाई। पंडित जवाहरलाल नेहरू के नेतृत्व में संविधान निर्माण के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर की अध्यक्षता में प्रारूप समिति बनाई गई और 26 जनवरी 1950 को संविधान लागू हुआ।
नेहरू युग में पंचवर्षीय योजनाओं के जरिए कृषि, सिंचाई, शिक्षा, उद्योग और वैज्ञानिक संस्थानों का निर्माण हुआ। भाखड़ा-नंगल और हिराकुंड जैसे बांध, आईआईटी, आईआईएम, एम्स, विश्वविद्यालय, बीएचईएल, स्टील प्लांट, ओएनजीसी, अंतरिक्ष और परमाणु ऊर्जा संस्थानों की स्थापना कर भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा दी गई। एससी, एसटी और ओबीसी को आरक्षण देकर सामाजिक न्याय की नींव मजबूत की गई।
– राजीव गांधी ने दिखाई डिजिटल भारत की राह
लाल बहादुर शास्त्री ने जय जवान जय किसान का नारा देकर हरित क्रांति की शुरुआत की। इंदिरा गांधी ने 1971 के युद्ध में पाकिस्तान को पराजित कर बांग्लादेश का निर्माण कराया, पोखरण परमाणु परीक्षण, बैंकों का राष्ट्रीयकरण और गरीबी हटाओ कार्यक्रम से देश की दिशा बदली।
राजीव गांधी ने दूरसंचार, कंप्यूटर और सूचना प्रौद्योगिकी की नींव रखकर डिजिटल इंडिया की सोच को जन्म दिया। पंचायती राज में महिलाओं को आरक्षण, मतदान की उम्र 18 वर्ष करना, नवोदय विद्यालय और राष्ट्रीय साक्षरता मिशन जैसे कदम उठाए।
आर्थिक सुधार और अधिकारों का दौर
पी.वी. नरसिम्हाराव और डॉ. मनमोहन सिंह के नेतृत्व में आर्थिक उदारीकरण से देश को नई गति मिली। आरटीआई, मनरेगा, शिक्षा का अधिकार, खाद्य सुरक्षा कानून, आधार, एनआरएचएम और परमाणु समझौते जैसे फैसलों से आम नागरिकों को कानूनी अधिकार मिले।
संदेश में वर्तमान भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा गया कि पेट्रोल-डीजल, गैस, खाद्य तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं, बेरोजगारी बढ़ रही है, किसान एमएसपी और बढ़ती लागत से त्रस्त हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था बदहाल है, घोटालों ने जनता का भरोसा तोड़ा है।
– स्थापना दिवस पर लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में कांग्रेसजनों ने संकल्प लिया कि वे संविधान, लोकतंत्र, दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों, महिलाओं और कमजोर वर्गों के अधिकारों की रक्षा करेंगे तथा भाजपा की जनविरोधी नीतियों और नफरत की राजनीति के खिलाफ संघर्ष करते हुए मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, हरीश चौधरी, ऊषा नायडू, जीतू पटवारी, उमंग सिंगार और सुनील उईके के मार्गदर्शन में बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करेंगे।
– इन्होंने किया संदेश का वाचन
कांग्रेस जिलाध्यक्ष निलय विनोद डागा ने जवाहर वार्ड बैतूल में, प्रदेश कांग्रेस के संगठन उपाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री सुखदेव पांसे ने मुलताई में, पूर्व विधायक धरमू सिंह गुदगांव में, पूर्व विधायक डॉ. पी.आर.बोड़खे ने मुलताई में, पूर्व मंत्री प्रताप सिंह ने सातलदेही में, पूर्व विधायक ब्रम्हा भलावी ने शाहपुर में, कांग्रेस प्रत्याशी राहुल उईके ने सातलदेही, आमला विधानसभा के प्रत्याशी रहे मनोज मालवे ने भीमनगर में, पूर्व प्रत्याशी रामू टेकाम ने सावलमेंढा में, प्रदेश सचिव समीर खान ने तिलक वार्ड में स्थापना दिवस में भाग लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष का संदेश वाचन किया। जिला कांग्रेस कार्यालय जवाहर वार्ड में मनाए गए स्थापना दिवस में जिलाध्यक्ष के साथ पिछडा वर्ग विभाग के जिलाध्यक्ष नारायण राव धोटे, पंचायती राज संगठन के राष्ट्रीय संयोजक ब्रजभूषण पांडे, महिला कांग्रेस अध्यक्ष पुष्पा पेंद्राम, ब्लॉक कांग्रेस शहर के शहर अध्यक्ष मनोज कालू आहुजा, ग्रामीण अध्यक्ष राजकुमार चौबे, पूर्व अध्यक्ष एवं शाहपुर प्रभारी मोनू बडोनिया, पूर्व कार्यवाहक अध्यक्ष व आमला प्रभारी प्रशांत राजपूत, मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रभारी मोनू वाघ, अतुल मूलक, राकेश गुप्ता, वरिष्ठ पार्षद कदीर खान, विशाल धुर्वे, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष संजय यादव, विधानसभा अध्यक्ष प्रितेश गंगारे, ब्लॉक अध्यक्ष मनीष साहू, राहुल परते, जवाहर वार्ड के बी.एल.ए. आलोक चौरसिया, प्रणय पाठक, हर्षवर्धन धोटे, अजाब झरबड़े, प्रेरणा शर्मा, इस्माईल नब्बू खान, सुशीला तिवारी, भूपेन्द्र नागले, राजेश बारस्कर, करण प्रजापति, कंजू राठौर, मंडलम अध्यक्ष संतोष वाघमारे, प्रणय पाठक, प्रकाश चढ़ोकार, संतोष मोरे, दीपक पवांर, राकेश गुप्ता, सप्पू शाह, शंकर अड़लक, अजाब झरबड़े, गोविंद साहू सहित अन्य लोगों में कांग्रेस के स्थापना दिवस में भाग लिया।





